नेपाल

मोमो बनाने की विधि: नेपाली स्टीम्ड डंपलिंग और झोल मोमो

नेपाल के स्टीम्ड डंपलिंग मोमो की घर पर बनने वाली विधि: चिकन कीमे की भरावन, रस बचाए रखने वाला अनुपात, मोड़ने का तरीका, टमाटर-तिल का अचार, झोल मोमो, कोठे मोमो और वेज मोमो, रेडीमेड रैपर का विकल्प, फ़्रीज़ करना, फटने की वजहें और स्टीमर के बिना पकाना।

इस रेसिपी का अनुवाद Sekai Gohan की संपादकीय टीम ने जापानी मूल से किया है। मूल लेख पढ़ें (जापानी)

  • तैयारी1 घंटे
  • पकाने का समय20 मिनट
  • कुल समय1 घंटे 20 मिनट
  • कितने लोगों के लिए4 लोगों के लिए
  • कठिनाईमध्यम

प्लेट में रखे भाप में पके चिकन मोमो, साथ में लाल अचार

स्टीमर खोलते ही, भाप के बीच रसोई काठमांडू बन जाती है

जिस दिन डंपलिंग भरने बैठते हैं, रसोई थोड़ी बिखर जाती है। आटा गूँधा हुआ कटोरा, बारीक कटा प्याज़, अदरक की ख़ुशबू, और हाथ के पास पानी की एक छोटी कटोरी। यही सामान तवे पर सेंके जाने वाले डंपलिंग की ओर भी ले जा सकता है, पर जब रैपर पतला बेलकर स्टीमर में सजाते हैं, तो मंज़िल नेपाल का मोमो (momo / मम) बन जाती है।

मोमो नेपाल का बेहद लोकप्रिय नाश्ता है: मैदे के पतले रैपर में मांस या सब्ज़ी भरकर भाप में पकाया जाता है और टमाटर वाले तीखे अचार के साथ खाया जाता है। काठमांडू की गलियों में छोटे भोजनालयों से लेकर ख़ास मोमो की दुकानों तक यह हर जगह दिखता है, और घरों में "भरने वाले", "भाप देने वाले" और "अचार बनाने वाले" अपने-आप बँट जाते हैं — यानी यह काफ़ी मिल-जुलकर बनने वाला व्यंजन है।

प्लेट में सजे भाप में पके मोमो
ताज़ा भाप से निकले मोमो का स्वाद रैपर के पतलेपन और भीतर के रस से तय होता है

घर पर बनाते समय सबसे बड़ी उलझन यह होती है कि रैपर ख़ुद बनाएँ या बाज़ार के डंपलिंग रैपर लें। सीधी बात: पहली बार बाज़ार के बड़े डंपलिंग रैपर से भी बन जाएगा। लेकिन असली मोमो जैसी बनावट चाहिए, तो रैपर तवे वाले डंपलिंग से थोड़ा मोटा रखें, भरावन को इतना चिपचिपा करें कि वह रस थाम ले, और सॉस के लिए सिरका-सोया सॉस नहीं, भुने टमाटर और तिल का अचार बनाएँ।

अगर दाल-भात नेपाल का रोज़ का खाना है, तो मोमो लोगों के जुटने वाले दिन का मज़ा है। इस लेख में चिकन कीमे वाले घरेलू मोमो को आधार बनाकर बफ़ मोमो जैसा रूप, वेज मोमो और झोल मोमो तक बात की गई है। आम किराना दुकानों, सुपरमार्केट और ऑनलाइन मिलने वाली सामग्री को ध्यान में रखकर बताया गया है कि किसे बदलना ठीक है और किसे स्वाद की धुरी के रूप में बचाए रखना चाहिए।

मोमो का नाम

अंग्रेज़ी में momo और नेपाली में मम लिखा जाता है। व्यंजन के नाम में एकवचन-बहुवचन का ख़ास ध्यान नहीं रखा जाता, सबको "momo" ही कहते हैं। इस लेख में जहाँ ज़रूरी लगा, वहाँ "नेपाली मोमो" या "स्टीम्ड मोमो" लिखा गया है।


इस व्यंजन की पृष्ठभूमि — तिब्बत के व्यापार से नेपाल की थाली तक

नेपाली प्लेट में मोमो और दो रंगों की सॉस
नेपाल में मोमो के साथ अक्सर लाल मिर्च की सॉस या तिल वाला अचार परोसा जाता है

मोमो की उत्पत्ति को किसी एक कहानी से बाँधना मुश्किल है। Smithsonian Magazine बताती है कि आम तौर पर माना जाता है कि मोमो तिब्बत के साथ व्यापार के रास्ते नेपाल में जड़ें जमा गया, लेकिन साथ ही काठमांडू घाटी के मूल निवासी नेवार व्यापारियों और हिमालयी इलाक़ों में हुए प्रवास से जुड़ी कई कहानियाँ भी मौजूद हैं।

यहाँ ध्यान देने वाली बात यह है कि मोमो "तिब्बती डंपलिंग की हू-ब-हू नक़ल" नहीं है, बल्कि नेपाल में आकर उसने अपनी ख़ुशबू पाई। तिब्बती अंदाज़ के मोमो का स्वाद अक्सर अदरक पर टिका सादा होता है, जबकि नेपाली मोमो में लहसुन, प्याज़, जीरा, धनिया, टिमुर (नेपाली सिचुआन पेपर) और हरा धनिया पड़ता है, और साथ में टमाटर या तिल का अचार भरपूर परोसा जाता है।

काठमांडू में आम तौर पर दिखते हैं: भाप में पके सफ़ेद मोमो, सेंककर रंग दिए गए कोठे मोमो, तीखे शोरबे में डूबे झोल मोमो, और तले हुए फ़्राइड मोमो। भैंस के मांस वाले बफ़ मोमो भी बहुत चलते हैं, पर भैंस का मांस हर जगह आसानी से नहीं मिलता, इसलिए घर पर चिकन या पोर्क कीमे से बनाना व्यावहारिक है।

प्रकार नेपाल में पहचान घर पर बनाएँ तो
स्टीम मोमो सबसे बुनियादी। भाप में पकाकर अचार के साथ पहली बार के लिए सबसे सही। ग़लती की गुंजाइश कम
बफ़ मोमो भैंस का मांस। काठमांडू में लोकप्रिय बीफ़-पोर्क मिला कीमा या पोर्क कीमा से क़रीब पहुँचें
चिकन मोमो घरों में और विदेश के नेपाली रेस्तराँ में आसान चिकन थाई का कीमा सबसे आसान
वेज मोमो पत्ता गोभी, मशरूम, टोफ़ू, चीज़ आदि पानी निकाला टोफ़ू और मशरूम से रसीलापन लाएँ
झोल मोमो ऊपर से पतला, तीखा शोरबा अचार को पानी से पतला करके बन जाता है
कोठे मोमो एक तरफ़ सेंककर फिर भाप में बाज़ार के डंपलिंग रैपर के साथ ख़ूब जमता है

तवे पर सेंके जाने वाले डंपलिंग (जैसे जापानी ग्योज़ा) से मोमो का फ़र्क़ सेंक के रंग में नहीं, बल्कि "भाप" और "सॉस" में है। सेंके डंपलिंग की तली कुरकुरी होती है और उन्हें सिरका-सोया सॉस या चिली ऑयल के साथ खाया जाता है। मोमो का रैपर भाप से नरम और लोचदार होता है, और इसे टमाटर, तिल, मिर्च, लहसुन और टिमुर की ख़ुशबू के साथ खाया जाता है। यह बात पकड़ लें, तो वही आटा और वही कीमा बिल्कुल अलग व्यंजन बन जाता है।


सामग्री (4 लोगों के लिए, लगभग 28 मोमो) — रस और अचार की योजना पहले बनाएँ

सफ़ेद प्लेट में मोमो और लाल सॉस
मोमो रैपर, भरावन और अचार के संतुलन से बनता है। भरावन ठूँस-ठूँसकर न भरें

4 लोगों के लिए, हल्के भोजन के तौर पर लगभग 28 मोमो का हिसाब रखें। रात के पूरे खाने के रूप में परोसना हो, तो दाल-भात वाली सादी दाल या भुना साग साथ रखें, ताकि खाना सिर्फ़ मांस और मैदे पर न टिका रहे।

रैपर

सामग्री मात्रा विकल्प और टिप्पणी
मैदा (ऑल-पर्पस आटा) 300 ग्राम 200 ग्राम केक फ़्लोर (सॉफ़्ट आटा) + 100 ग्राम ब्रेड फ़्लोर भी चलेगा
नमक 1/2 छोटा चम्मच रैपर के स्वाद को कसाव देता है
रिफ़ाइंड तेल 2 छोटे चम्मच रैपर को सूखने से बचाता है
गुनगुना पानी 150–170 मि.ली. आटे की हालत देखकर घटाएँ-बढ़ाएँ

चिकन कीमे की भरावन

सामग्री मात्रा विकल्प और टिप्पणी
चिकन थाई का कीमा 450 ग्राम पोर्क कीमा या बीफ़-पोर्क मिला कीमा भी चलेगा
प्याज़ 1/2 (100 ग्राम) लाल प्याज़ हो तो स्वाद ज़्यादा नेपाली लगता है
पत्ता गोभी 120 ग्राम चाइनीज़ कैबेज (नापा) भी चलेगी। पानी निचोड़ लें
हरा प्याज़ 2 डंठल पतले गोल टुकड़ों में
हरा धनिया 20 ग्राम पसंद न हो तो हरा प्याज़ बढ़ा दें
लहसुन 2 कलियाँ कद्दूकस की हुई
अदरक 1 टुकड़ा कद्दूकस किया हुआ
जीरा पाउडर 1 छोटा चम्मच साबुत जीरा भूनकर पीसें तो ख़ुशबू बढ़ती है
धनिया पाउडर 1 छोटा चम्मच इसे न छोड़ें
टिमुर 1/3 छोटा चम्मच न हो तो थोड़ा सिचुआन पेपर + काली मिर्च
नमक 1 छोटा चम्मच कीमे में चिपचिपाहट लाता है
काली मिर्च 1/3 छोटा चम्मच सफ़ेद मिर्च भी चलेगी
रिफ़ाइंड तेल 1 बड़ा चम्मच रस बढ़ाने के लिए। तिल का तेल ज़्यादा न डालें
पानी या चिकन स्टॉक 2 बड़े चम्मच थोड़ा-थोड़ा करके मिलाएँ

टमाटर-तिल का अचार

सामग्री मात्रा विकल्प और टिप्पणी
टमाटर 3 (लगभग 450 ग्राम) पूरे पके हुए अच्छे। डिब्बाबंद से ताज़ा बेहतर
सफ़ेद तिल 3 बड़े चम्मच पहले से पिसे तिल नहीं, भूनकर फिर पीसें
सूखी लाल मिर्च 2 तीखापन कम चाहिए तो बीज निकाल दें
लहसुन 1 कली भूनकर डालें तो स्वाद नरम रहता है
अदरक 1 सेमी कच्ची ख़ुशबू बचाए रखें
सरसों का तेल 1 बड़ा चम्मच न हो तो राइस ब्रान ऑयल + थोड़ा सरसों पेस्ट
नींबू का रस 1 बड़ा चम्मच लाइम भी चलेगा
टिमुर एक चुटकी न हो तो ज़रा-सा सिचुआन पेपर
नमक 1/2 छोटा चम्मच से स्वाद देखकर बढ़ाएँ
पानी 2–5 बड़े चम्मच झोल मोमो बनाना हो तो ज़्यादा
एलर्जी की जानकारी

इस विधि में गेहूँ, चिकन और तिल हैं। बाज़ार के डंपलिंग रैपर इस्तेमाल करें, तो कुछ उत्पादों में सोया, अंडा या दूध से बनी चीज़ें हो सकती हैं। वेज मोमो बनाते समय भी रैपर और मसालों के पैकेट की जानकारी ज़रूर जाँचें।

इस व्यंजन के लिए सामग्री और बर्तन

टिमुर मोमो की पहचान को एक दर्जा ऊपर ले जाने वाली ख़ुशबू है, पर शुरुआत में ही बड़ा पैकेट ख़रीदने की ज़रूरत नहीं। न मिले तो सिचुआन पेपर थोड़ी-सी मात्रा में लें, ताकि झनझनाहट ज़्यादा न हो। यह नेपाली या भारतीय किराना स्टोर, एशियाई किराना दुकानों और ऑनलाइन मिल जाता है।

बाँस का स्टीमर हो तो रैपर की सतह कम चिपचिपी होती है और उसे सीधे मेज़ पर रखा जा सकता है। धातु के स्टीमर या मोमो स्टीमर में भी बन जाता है, बस चिपकने से बचाने के लिए कपड़ा या बटर पेपर बिछा दें।

अचार भी बनाना हो, तो सफ़ेद तिल भूनकर खरल (ओखली) में दरदरा कूटें, ख़ुशबू उभर आती है। फ़ूड प्रोसेसर भी चलेगा, लेकिन बहुत चिकने पेस्ट से बेहतर है कि थोड़े दाने बचे रहें, तब अचार मोमो पर अच्छी तरह लिपटता है।


बनाने की विधि — भरावन का लालच न करें, भाप से पूरा पकाएँ

प्लेट में सजे चिकन मोमो
भरावन ज़्यादा हो तो मोमो बंद करना मुश्किल होता है। शुरू में कम भरना ही कामयाब रहता है

मोमो मुश्किल दिखते हैं, पर ज़्यादातर गड़बड़ी तीन वजहों से होती है: "भरावन ज़्यादा भरना", "रैपर का सूख जाना" और "स्टीमर में चिपक जाना"। मोड़ने के तरीके को परफ़ेक्ट बनाने से ज़्यादा ज़रूरी है रैपर की नमी और भरावन की मात्रा ठीक रखना।

  1. रैपर का आटा गूँधें

    कटोरे में मैदा, नमक और तेल डालें, और गुनगुना पानी थोड़ा-थोड़ा करके मिलाएँ। पहले चॉपस्टिक या चम्मच से मिलाएँ, आटा जुड़ने लगे तो हाथ से 8 मिनट गूँधें। आटा कान की लौ से थोड़ा सख़्त हो जाए, तब रुकें, और ढककर 30 मिनट रख दें। आराम देने से ग्लूटेन शांत होता है और पतला बेलने पर भी रैपर कम फटता है।

    ऊपर से दिखते नेपाली मोमो की प्लेट
    रैपर पतला बेलें, पर बीच का हिस्सा थोड़ा मोटा रखें ताकि भरावन की नमी सँभल सके
  2. भरावन तैयार करें

    पत्ता गोभी और प्याज़ बारीक काटें, एक चुटकी नमक मिलाकर 5 मिनट रखें और हल्का-सा पानी निचोड़ दें। कटोरे में चिकन कीमा, सब्ज़ियाँ, लहसुन-अदरक-हरा धनिया जैसी ख़ुशबूदार चीज़ें, मसाले, नमक और तेल डालें और चिपचिपाहट आने तक 2–3 मिनट मिलाएँ। आख़िर में पानी या चिकन स्टॉक 1-1 बड़ा चम्मच करके डालें और तब तक मिलाएँ जब तक कीमा उसे सोख न ले। Smithsonian के लेख में भी बताया गया है कि मांस और प्याज़ का अनुपात लगभग 60–70 प्रतिशत मांस और 30–40 प्रतिशत प्याज़ रखना आसान रहता है।

    लाल सॉस के साथ नेपाली मोमो
    भरावन में सिर्फ़ मांस नहीं, प्याज़ और पत्ता गोभी भी डालें, तो भाप में पकने पर हल्कापन और रस आता है
  3. रैपर बेलें

    आटे को लंबी बेलन जैसी लोई बनाकर 28 बराबर हिस्सों में काटें। सूखने से बचाने के लिए कपड़ा ढक दें, और हर लोई को लगभग 30–40 सेकंड, कुल 10–12 मिनट में 8–9 सेमी व्यास तक बेलें। बीच से थोड़ा मोटा, किनारों से पतला। बाज़ार के बड़े डंपलिंग रैपर ले रहे हों, तो किनारे पानी से गीले करें और थोड़ा-सा बेलकर भरें, ताकि आसानी से बंद हों।

    शोरबे जैसे झोल में डूबे मोमो
    झोल मोमो बनाना हो, तब भी पहले स्टीम मोमो बनाएँ और फिर ऊपर से शोरबे जैसा अचार डालें
  4. मोमो भरें और मोड़ें

    रैपर के बीच में 1 छोटा चम्मच भरकर (ऊपर तक उठा हुआ) भरावन रखें। पहली बार लालच न करें, भरावन कम ही ठीक है। आधे चाँद जैसा बंद करना हो, तो हर मोमो पर लगभग 20–30 सेकंड, कुल लगभग 15 मिनट का हिसाब रखें: एक तरफ़ के किनारे पर चुन्नटें डालते हुए उसे दूसरी तरफ़ से चिपकाते जाएँ। गोल पोटली जैसा आकार चाहिए, तो किनारे थोड़ा-थोड़ा इकट्ठा करके बीच में बंद करें। जोड़ ढीला रहा तो भाप में पकते समय रस बाहर निकल जाता है।

    गहरी प्लेट में झोल बफ़ मोमो
    बफ़ मोमो जैसा बनाना हो तो बीफ़-पोर्क मिले कीमे से चर्बी की कमी पूरी करें, और झोल ज़्यादा डालें तो खाना आसान रहता है
  5. भाप में पकाएँ

    स्टीमर में हल्का तेल लगाएँ या छेद किया हुआ बटर पेपर बिछाएँ। मोमो एक-दूसरे से थोड़ी दूरी पर रखें, तेज़ आँच पर भाप उठने दें और फिर 12–15 मिनट भाप में पकाएँ। चिकन हो तो बीच तक पूरी तरह पकना ज़रूरी है। रैपर हल्का पारदर्शी दिखे और उँगली से दबाने पर लचक हो, तो मोमो तैयार हैं।

    गहरी प्लेट में मोमो वाला शोरबा
    शोरबे के साथ परोसें तो भाप में पका रैपर और नरम हो जाता है, ठंडे दिनों के खाने के लिए बढ़िया
  6. अचार बनाकर साथ परोसें

    टमाटरों को सीधी आँच पर या ओवन ग्रिल की तेज़ आँच पर 6–8 मिनट भूनें, जब तक छिलका काला होकर फटने न लगे, सोंधी ख़ुशबू न आए, और गूदा इतना नरम न हो जाए कि दबाने पर हल्का धँसे; थोड़ा ठंडा होने पर छिलका उतार दें। सफ़ेद तिल 2 मिनट सूखी कड़ाही में भूनें, और लाल मिर्च, लहसुन, अदरक, नमक तथा टिमुर के साथ पीस लें। भुने टमाटर, नींबू का रस और सरसों का तेल मिलाएँ, गाढ़ा लगे तो पानी से पतला करें। कुल लगभग 10 मिनट में तैयार करके ताज़ा भाप से निकले मोमो के साथ भरपूर परोसें।

    लाल मिर्च की सॉस के साथ मोमो की प्लेट
    अचार में खटास और तीखापन थोड़ा तेज़ रखें, तो रसीले मोमो के साथ संतुलन बनता है
बाज़ार के डंपलिंग रैपर से बनाते समय

बड़े और थोड़े मोटे रैपर चुनें, और उन्हें सेंकें नहीं, भाप में पकाएँ। छोटे रैपर में ज़्यादा भरावन ठूँसेंगे तो चुन्नटें बंद नहीं होंगी और मोमो फट जाएँगे। बाज़ार के रैपर जल्दी सूखते हैं, इसलिए पैकेट से निकालते ही गीला कपड़ा ढक दें।


घर की रसोई में नेपाली स्वाद के क़रीब पहुँचने की तालिका

बड़ी प्लेट में सजे मोमो और सॉस
मोमो की पहचान मोड़ने की सुंदरता से ज़्यादा, रैपर के पतलेपन, भरावन की नमी और सॉस की ख़ुशबू से बनती है

डंपलिंग बनाने का अनुभव हो, तो मोमो बनाना आसान है। लेकिन बिना सोचे-समझे सेंके जाने वाले डंपलिंग की सामग्री की ओर झुक जाएँ, तो नतीजा स्टीम्ड मोमो नहीं, बल्कि "बिना सेंका डंपलिंग" होगा। इसलिए यह तय कर लें कि क्या बचाकर रखना है और क्या बदल सकते हैं।

उलझन वाली सामग्री नेपाली अंदाज़ घर पर व्यावहारिक फ़ैसला
रैपर मैदा और पानी से घर पर बड़े डंपलिंग रैपर पहली बार बाज़ार के रैपर भी ठीक
मांस भैंस, चिकन, पोर्क चिकन थाई का कीमा, पोर्क कीमा सिर्फ़ चिकन ब्रेस्ट हो तो सूखा लगता है
ख़ुशबू टिमुर, सरसों का तेल थोड़ा सिचुआन पेपर, राइस ब्रान ऑयल + सरसों पेस्ट ज़्यादा डालें तो दूसरा व्यंजन बन जाता है
सॉस भुना टमाटर, तिल, मिर्च टमाटर, सफ़ेद तिल, नींबू सिर्फ़ सिरका-सोया सॉस से बचें
सब्ज़ियाँ प्याज़, हरा प्याज़, हरा धनिया पत्ता गोभी, प्याज़, हरा प्याज़ पानी निचोड़ें
खाने का तरीका भरपूर अचार के साथ तीखापन प्लेट में ही घटाएँ-बढ़ाएँ परिवार के लिए तीखा अलग से रखें

जिसका विकल्प लगभग नहीं है, वह है टमाटर-तिल का अचार। रैपर और मांस में काफ़ी छूट है, पर सॉस को सिरका-सोया सॉस बना दें तो स्वाद आम डंपलिंग से आगे नहीं बढ़ता। भुने टमाटर का खट्टा-मीठापन, तिल का भरा-पूरा स्वाद, लहसुन और मिर्च की ख़ुशबू हो, तो रसोई की मंज़िल एकदम नेपाल की ओर मुड़ जाती है।

इसके उलट, टिमुर या सरसों का तेल ज़बरदस्ती बड़ी मात्रा में ख़रीदने की ज़रूरत नहीं। टिमुर में सिचुआन पेपर से ज़्यादा नींबू-संतरे जैसी ख़ुशबू होती है, पर ज़रा-सा सिचुआन पेपर डालकर भी वही दिशा मिल जाती है। सरसों के तेल की ख़ुशबू तेज़ होती है, इसलिए पहली बार चाहें तो राइस ब्रान ऑयल में थोड़ा सरसों पेस्ट मिलाना भी काफ़ी है।


झोल मोमो, कोठे मोमो और वेज मोमो तक

एक बार स्टीम मोमो बनाना सीख लें, तो उसी मोड़ने के तरीके से कई रूप बन सकते हैं। घर पर सबसे आसान हैं: सॉस को पतला करके बनने वाले झोल मोमो, एक तरफ़ सेंके जाने वाले कोठे मोमो, और बिना मांस वाले वेज मोमो।

कौन-सा बनाना है, यह मूड से नहीं बल्कि खाने की स्थिति से तय करें तो उलझन नहीं होती। जिस दिन ताज़ा भाप से निकालकर तुरंत परोस सकें, उस दिन बुनियादी स्टीम मोमो; जिस दिन फ़्रीज़ किए मोमो रात के खाने में लेने हों, उस दिन झोल मोमो; और जिस दिन बाज़ार के रैपर इस्तेमाल करें, उस दिन कोठे मोमो ठीक रहते हैं। वेज मोमो सिर्फ़ बिना मांस वाले दिन के लिए ही नहीं, मांस वाले मोमो के बगल में थोड़े-से बनाकर "स्वाद बदलने" के लिए भी काम आते हैं।

किस्म कब ठीक और क्या चाहिए ध्यान रखें
स्टीम मोमो पहली बार, मेहमान, स्टीमर में ही परोसना हो गाढ़ा अचार ठंडे होने पर रैपर सख़्त हो जाता है
झोल मोमो ठंडे दिन, फ़्रीज़ किए मोमो गरम करने हों पानी या चिकन स्टॉक, नींबू बहुत पतला करें तो स्वाद फीका पड़ता है
कोठे मोमो बाज़ार के रैपर, सेंक का रंग चाहिए तेल, पानी, ढक्कन वाला पैन जलने से पहले भाप वाला पानी डालें
वेज मोमो बिना मांस का खाना, हल्का साथ का व्यंजन मशरूम, टोफ़ू, पत्ता गोभी चिकनाई न जोड़ें तो सूखा लगता है

ख़रीदारी भी इसी चुनाव से बदलती है। झोल मोमो बनाना हो तो एक टमाटर ज़्यादा लें, और नींबू या लाइम ज़रूर रखें। कोठे मोमो के लिए बाज़ार के रैपर ऐसे लें जो मोटे हों और कम फटें, और देख लें कि पैन का ढक्कन है। वेज मोमो बनाना हो तो टोफ़ू का पानी निकालने का समय पहले से रखें। यह तय करके सामग्री की सूची देखें, तो बेवजह मसाले नहीं ख़रीदे जाते।

झोल मोमो

झोल (jhol) यानी पतला शोरबा या सॉस। टमाटर-तिल के अचार में पानी या चिकन स्टॉक मिलाएँ और नमक तथा नींबू से स्वाद ठीक करें। अंदाज़ा: 4 बड़े चम्मच अचार में 150 मि.ली. गरम पानी। कटोरे में भाप में पके मोमो रखें और ऊपर से झोल डालें। ठंडे दिनों में ऐसा बनता है कि मोमो ख़त्म होने के बाद शोरबा भी पी जाने का मन करे।

कोठे मोमो

पैन में हल्का तेल लगाएँ और मोमो की एक तरफ़ मध्यम आँच पर 2 मिनट सेंकें। रंग आ जाए तो 80 मि.ली. पानी डालकर ढक दें और 7–8 मिनट भाप में पकने दें। जिस दिन बाज़ार के डंपलिंग रैपर इस्तेमाल किए हों, उस दिन कोठे मोमो बनाने से रैपर की कमज़ोरी कम दिखती है, और सेंके डंपलिंग के आदी घरवालों को भी ये आसानी से पसंद आते हैं।

वेज मोमो

पानी निकाला हुआ फ़र्म टोफ़ू 150 ग्राम, कटे मशरूम 150 ग्राम और पत्ता गोभी 150 ग्राम भूनें, और लहसुन, अदरक, जीरा, धनिया तथा नमक से स्वाद दें। मांस की चर्बी नहीं होती, इसलिए 1 बड़ा चम्मच मक्खन या तेल और डालें, तो भरावन सूखा नहीं लगता। Smithsonian के लेख में भी बताया गया है कि सब्ज़ी वाले मोमो जल्दी सूखते हैं, इसलिए उनमें चिकनाई जोड़ने का तरीका अपनाया जाता है।

रात के खाने में हों तो साथ में कुछ और रखें

सिर्फ़ ढेर सारे मोमो खाएँ तो खाना मैदे और मांस पर ही टिक जाता है। भुना साग, खीरे का अचार या सादी दाल साथ रखें, तो थाली संतुलित हो जाती है। दक्षिण एशियाई खाने का एहसास चाहिए, तो तंदूरी चिकन के साथ परोसे जाने वाले व्यंजनों (जापानी में) वाले लेख का रायता या प्याज़ की खटास भी यहाँ काम आ सकती है।


गड़बड़ी की वजहें — फटना, सख़्त होना, रस न होना

मोमो की गड़बड़ियाँ सेंके डंपलिंग जैसी लगती हैं, पर थोड़ी अलग हैं। यह भाप में पकने वाला व्यंजन है, इसलिए रैपर ज़्यादा नमी सोख ले तो फट जाता है, और भरावन में चिकनाई या नमी कम हो तो वह रैपर के भीतर मीटबॉल की तरह सख़्त हो जाती है।

गड़बड़ी वजह कैसे ठीक करें
रैपर फटता है रैपर बहुत पतला, भरावन ज़्यादा, जोड़ ढीला बीच से थोड़ा मोटा बेलें, भरावन 1 छोटा चम्मच (ऊपर तक उठा हुआ) रखें
रैपर सख़्त है आटे में पानी कम, आराम कम गुनगुना पानी थोड़ा बढ़ाएँ, 30 मिनट से ज़्यादा आराम दें
भरावन सूखा है सिर्फ़ चिकन ब्रेस्ट, तेल और नमी कम चिकन थाई का कीमा लें, 2 बड़े चम्मच पानी मिलाकर गूँधें
स्टीमर में चिपकते हैं तेल नहीं लगाया, दूरी कम तेल, चाइनीज़ कैबेज के पत्ते या छेद वाला बटर पेपर इस्तेमाल करें
आम डंपलिंग जैसा लगता है सिरका-सोया सॉस से खाया, लहसुन-तिल के तेल की ख़ुशबू तेज़ टमाटर-तिल के अचार पर लौटें
कच्चा लगता है भाप का समय कम, भरावन बड़ा 12–15 मिनट भाप दें, सब्ज़ियाँ बारीक काटें

भरावन मिलाते समय लगता है कि कबाब या पैटी की तरह ज़्यादा न गूँधें, पर मोमो में कुछ चिपचिपाहट ज़रूरी है। चिपचिपाहट न हो तो भाप में पकते समय रस अलग होकर रैपर की तली में बह जाता है। नमक डालने के बाद 2–3 मिनट, जब तक हाथ थोड़ा भारी न लगने लगे, मिलाते रहें।

रैपर घर पर बना रहे हों, तो सूखा आटा (पलेथन) ज़्यादा न लगाएँ। पलेथन ज़्यादा हो तो जोड़ ठीक से नहीं चिपकते। बेले हुए रैपर एक के ऊपर एक न रखें, और सूखने लगें तो गीला कपड़ा ढक दें। यह छोटी-सी बात लगती है, पर नतीजे पर इसका काफ़ी असर पड़ता है।


भंडारण और पहले से बनाकर रखना — फ़्रीज़ "भाप देने से पहले" करना आसान

पहले से बनाकर रखना हो, तो भाप देने से पहले की हालत में फ़्रीज़ करना सबसे आसान है। ट्रे पर बटर पेपर बिछाएँ, भरे हुए मोमो एक-दूसरे से चिपके बिना रखें और फ़्रीज़ करें। जम जाएँ तो फ़्रीज़र बैग में डाल दें और लगभग 2–3 हफ़्ते में इस्तेमाल कर लें।

फ़्रीज़ किए मोमो को पिघलाए बिना सीधे भाप में पकाएँ। भाप का समय सामान्य से 3–5 मिनट ज़्यादा रखें। पिघलाकर पकाएँ तो रैपर नमी सोखकर आसानी से फट जाता है।

भाप में पके मोमो फ़्रिज में अगले दिन तक रखें। गरम करने के लिए माइक्रोवेव से बेहतर है दोबारा भाप देना। माइक्रोवेव इस्तेमाल करें, तो प्लेट में फैलाकर 1 छोटा चम्मच पानी छिड़कें और ढीला ढककर गरम करें। अगले दिन सेंककर कोठे मोमो जैसा बना लें, तो रैपर का सूखापन कम खटकता है।

अचार को साफ़ डिब्बे में फ़्रिज में रखें और लगभग 3 दिन में ख़त्म कर लें। इसमें तिल है, इसलिए ख़ुशबू जल्दी उड़ती है और यह लंबे भंडारण के लायक नहीं। ज़्यादा बन जाए तो उबले चिकन, भुने बैंगन या समोसे (जापानी में) की सॉस के रूप में भी इस्तेमाल करें।


साथ में बनाने लायक व्यंजन

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

प्र. बाज़ार के डंपलिंग रैपर से बनाएँ तो क्या असलीपन कम हो जाता है?

थोड़ा कम होता है, पर पहली बार के लिए कोई दिक़्क़त नहीं। बड़े और थोड़े मोटे रैपर चुनें, और भाप देने से पहले उन्हें सूखने न दें। अभ्यास हो जाए तो मैदे से ख़ुद बनाएँ, रैपर ज़्यादा नरम और लोचदार बनेगा।

प्र. चिकन की जगह पोर्क कीमे से बना सकते हैं?

हाँ। पोर्क कीमे में चर्बी ज़्यादा होती है, इसलिए रस भी ज़्यादा आता है। नेपाल में भैंस के मांस वाले बफ़ मोमो भी लोकप्रिय हैं, और जहाँ भैंस का मांस न मिले, वहाँ बीफ़-पोर्क मिले कीमे से मिलता-जुलता भरा-पूरा स्वाद पाया जा सकता है।

प्र. टिमुर के बिना नहीं बनेंगे?

बनेंगे। टिमुर ख़ुशबू में अलग पहचान देता है, पर ज़रूरी नहीं है। ज़रा-सा सिचुआन पेपर और थोड़ी ज़्यादा काली मिर्च डालें, तो दिशा वैसी ही मिलती है। ज़्यादा डालने पर स्वाद चाइनीज़ की ओर झुक जाता है, इसका ध्यान रखें।

प्र. स्टीमर न हो तो क्या करें?

गहरे पतीले में एक छोटी प्लेट उलटी रखें, उस पर छेद वाली धातु की प्लेट या आँच सहने वाली प्लेट रखें, और ढककर भाप दें। मोमो के नीचे तेल लगाएँ या पत्ता गोभी अथवा चाइनीज़ कैबेज के पत्ते बिछाएँ, तो कम चिपकते हैं।

प्र. बच्चे खाएँ तो तीखापन कैसे कम करें?

भरावन में मिर्च न डालें, और अचार में भी मिर्च कम रखें। बड़े अपनी प्लेट में चिली ऑयल या मिर्च ऊपर से मिला लें। मिर्च भरावन में मिल गई तो फिर निकाली नहीं जा सकती।


संदर्भ